कलेक्टर ने की सीएम हेल्पलाइन और अन्य लंबित प्रकरणों की समीक्षा।

कलेक्टर ने की सीएम हेल्पलाइन और अन्य लंबित प्रकरणों की समीक्षा।
कलेक्टर की अध्यक्षता में समय सीमा बैठक का आयोजन।
कलेक्टर भिण्ड की अध्यक्षता में समय सीमा बैठक का आयोजन हुआ, जिसमें विभिन्न विभागों की कार्यप्रगति की विस्तृत समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने शासन की प्राथमिकताओं के अनुरूप कार्यों को समय सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए। बैठक में सीएम हेल्पलाइन प्रकरण, लोक सेवा गारंटी अधिनियम अंतर्गत लंबित प्रकरण, सीएम मॉनिट प्रकरण और विधानसभा प्रश्नों की विस्तृत समीक्षा की गई।
कलेक्टर ने बैठक में मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के राज्य स्तरीय लाडली बहना सम्मेलन के सफल आयोजन के लिए जिला अधिकारियों को बधाई दी। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि बैठक से अनुपस्थित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किए जाएं। उन्होंने निर्देश दिए कि आगामी समय-सीमा बैठकों में समस्त एसडीएम उनके अधीनस्थ ब्लॉक स्तरीय अधिकारियों की उपस्थिति सुनिश्चित करें।
कलेक्टर ने ग्रेडिंग माह और 50 दिवस से अधिक लंबित सीएम हेल्पलाइन प्रकरणों की समीक्षा कर निर्देश दिए कि अधिक से अधिक संख्या में सीएम हेल्पलाइन शिकायतें संतुष्टिपूर्वक बंद करवाई जाएं, जिससे जिले की प्रगति बढ़ सके। उन्होंने निर्देश दिए कि स्थानांतरण और नई पदस्थापना के उपरांत अधिकारियों का सीएम हेल्पलाइन पोर्टल पर प्रोफाइल उद्यतन रखा जाए जिससे कोई भी शिकायत नॉन अटेंडेंट नहीं रहे। कलेक्टर ने शिक्षा, परिवहन, महिला और बाल विकास, सहकारिता, पशुपालन, ग्रामीण विकास, नगरीय विकास, लोक स्वास्थ्य, श्रम, इत्यादि विभागों की लंबित सीएम शिकायतों की विस्तृत समीक्षा कर निर्देश दिए कि पेंशन-स्वत्वों और हितग्राही भुगतान से संबंधित शिकायतें भी शीघ्र बंद करवाई जाएं।
कलेक्टर ने लोक सेवा गारंटी अधिनियम अंतर्गत लंबित मामलों की समीक्षा कर कहा कि सीमांकन और नामांतरण के समय सीमा बाह्य प्रकरणों का प्राथमिकता से आगामी तीन दिवसों में निराकरण कराया जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि नकल, आय प्रमाण पत्र, इत्यादि प्रकरण समय सीमा से बाह्य नहीं हो, अन्यथा जुर्माना लगाया जाएगा। कलेक्टर ने पंचायत और नगरीय निकायों को निर्देश दिए कि अभियान चला कर शतप्रतिशत जनसंख्या के समग्र आईडी बनवाए जाएं। उन्होंने बैठक में लंबित सीएम मॉनिट प्रकरणों की समीक्षा भी की। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि लंबित विधानसभा प्रश्नों के उत्तर शीघ्र भेजे जाएं तथा सुनिश्चित किया जाए कि गलत और अधूरी जानकारी नहीं भेजी जाए।
इस सीईओ जिला पंचायत भिण्ड, अपर कलेक्टर सहित अन्य विभागों के जिला अधिकारी तथा कई अधिकारी वर्चुअल रूप से उपस्थित रहे।




